नई दिल्ली, 26 मार्च 2025: केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) और अन्य केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF) में पदोन्नति को लेकर राज्यसभा में एक महत्वपूर्ण प्रश्न उठाया गया, जिसका उत्तर गृह राज्य मंत्री श्री नित्यानंद राय ने दिया।
राज्यसभा में क्या पूछा गया?
राज्यसभा सांसद श्री सी.वी. पनमुगम ने गृह मंत्रालय से यह जानना चाहा:
- क्या सीआईएसएफ और अन्य केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों में समय पर पदोन्नति दी जा रही है?
- अगर नहीं, तो देरी के कारण क्या हैं?
- समय पर पदोन्नति सुनिश्चित करने के लिए सरकार ने क्या कदम उठाए हैं?
गृह मंत्रालय का जवाब
गृह राज्य मंत्री श्री नित्यानंद राय ने स्पष्ट किया कि:
(क) और (ख) — पदोन्नति की प्रक्रिया:
सीआईएसएफ समेत सभी सीएपीएफ में पदोन्नति नियमबद्ध प्रक्रिया के अनुसार की जाती है। इसके लिए:
- कर्मचारियों की उपयुक्तता, मेडिकल श्रेणी, वरिष्ठता, वार्षिक गोपनीय रिपोर्ट आदि जैसे कारकों का मूल्यांकन किया जाता है।
- संबंधित विभागीय पदोन्नति समितियां इन पहलुओं की समीक्षा कर ‘चयन-सूची-वर्षवार’ के आधार पर पदोन्नति के निर्णय लेती हैं।
(ग) — सरकार द्वारा उठाए गए कदम:
गृह मंत्री ने आश्वस्त किया कि सरकार सभी बलों में समय पर पदोन्नति सुनिश्चित करने के लिए समय-समय पर समग्र समीक्षा करती है। पदोन्नति प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाए रखने की दिशा में निरंतर प्रयास जारी हैं।
निष्कर्ष
राज्यसभा में उठे इस सवाल और सरकार के जवाब से यह स्पष्ट होता है कि केंद्रीय बलों में पदोन्नति एक तय प्रक्रिया के तहत होती है, जिसमें योग्यता, स्वास्थ्य और वरिष्ठता जैसे कई मानदंड देखे जाते हैं। हालांकि कभी-कभी कुछ कारणों से प्रक्रिया में देरी हो सकती है, परंतु सरकार इस दिशा में सजग है और समयबद्ध पदोन्नति सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रयासरत है।

माझं नाव एन. डी. यादव आहे. मला लेखन क्षेत्रात ६ वर्षांचा अनुभव आहे. माझ्या लेखन प्रवासात मी सरकारी धोरणे, कर्मचारी व निवृत्तीवेतनधारकांचे हक्क, पेन्शन योजना तसेच जनकल्याणकारी योजना याबाबतची माहिती तुम्हांपर्यंत सोप्या आणि स्पष्ट भाषेत पोहोचवण्याचे कार्य केले आहे.
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