केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई भत्ते को लेकर बड़ी खुशखबरी सामने आई है। केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। इस फैसले के बाद केंद्रीय कर्मचारियों का DA 60 प्रतिशत से बढ़कर 63 प्रतिशत हो गया है। नई दर 1 जुलाई 2026 से लागू होगी। इसका लाभ कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को जुलाई से मिलेगा।
सरकार के इस फैसले से लाखों कर्मचारियों की मासिक सैलरी में बढ़ोतरी होगी। वहीं, पेंशन पाने वाले लोगों को भी पहले के मुकाबले ज्यादा महंगाई राहत मिलेगी। जुलाई से नई दर लागू होने के कारण पात्र कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को एरियर भी मिल सकता है। आइए जानते हैं कि DA में बढ़ोतरी से आपकी सैलरी और पेंशन पर कितना असर पड़ेगा।
DA Hike 2026: सरकार ने 3% बढ़ाया महंगाई भत्ता
केंद्र सरकार ने 28 अक्टूबर 2026 को हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में महंगाई भत्ते और महंगाई राहत की अतिरिक्त किस्त को मंजूरी दी। इस फैसले के तहत DA और DR में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है।
इससे पहले केंद्रीय कर्मचारियों को उनके मूल वेतन पर 60 प्रतिशत DA मिल रहा था। अब यह बढ़कर 63 प्रतिशत हो गया है। इसी तरह केंद्रीय पेंशनभोगियों को मिलने वाली महंगाई राहत की दर भी 60 प्रतिशत से बढ़कर 63 प्रतिशत हो गई है।
सरकार आम तौर पर साल में दो बार महंगाई भत्ते में संशोधन करती है। ये संशोधन जनवरी और जुलाई से प्रभावी होते हैं। हालांकि, घोषणा की तारीख अलग-अलग हो सकती है। इस बार जुलाई 2026 की किस्त को मंजूरी अक्टूबर में मिली है।
कितने कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को मिलेगा लाभ?
केंद्र सरकार के आधिकारिक विवरण के अनुसार, DA और DR में बढ़ोतरी से लगभग 48.54 लाख केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों और 68.71 लाख पेंशनभोगियों को लाभ मिलेगा।
इस तरह कुल मिलाकर लगभग 1.17 करोड़ कर्मचारी और पेंशनभोगी इस फैसले से लाभान्वित होंगे। सरकार के मुताबिक, इस बढ़ोतरी से सरकारी खजाने पर सालाना लगभग 10,016.10 करोड़ रुपये का अतिरिक्त वित्तीय भार पड़ेगा।
महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी का उद्देश्य बढ़ती कीमतों के असर को कम करना है। रोजमर्रा की वस्तुओं, घर के खर्च और दूसरी जरूरी सेवाओं पर होने वाले खर्च के बीच DA कर्मचारियों को अतिरिक्त आर्थिक सहायता देता है।
कितनी बढ़ेगी कर्मचारियों की मासिक सैलरी?
DA में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी का वास्तविक लाभ कर्मचारी के मूल वेतन पर निर्भर करेगा। यहां 3 प्रतिशत का अर्थ मूल वेतन पर 3 प्रतिशत अतिरिक्त DA है, न कि पूरी सैलरी में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी।
नीचे कुछ उदाहरण दिए गए हैं, जिनसे आप समझ सकते हैं कि नई दर लागू होने पर हर महीने कितना अतिरिक्त DA मिलेगा।
| मूल वेतन | 60% DA | 63% DA | हर महीने अतिरिक्त DA |
|---|---|---|---|
| ₹18,000 | ₹10,800 | ₹11,340 | ₹540 |
| ₹19,900 | ₹11,940 | ₹12,537 | ₹597 |
| ₹21,700 | ₹13,020 | ₹13,671 | ₹651 |
| ₹25,500 | ₹15,300 | ₹16,065 | ₹765 |
| ₹29,200 | ₹17,520 | ₹18,396 | ₹876 |
| ₹35,400 | ₹21,240 | ₹22,302 | ₹1,062 |
| ₹44,900 | ₹26,940 | ₹28,287 | ₹1,347 |
| ₹56,100 | ₹33,660 | ₹35,343 | ₹1,683 |
उदाहरण के लिए, यदि किसी कर्मचारी का मूल वेतन 29,200 रुपये है, तो पहले उसे 60 प्रतिशत की दर से 17,520 रुपये DA मिलता था। अब 63 प्रतिशत की दर से यह राशि 18,396 रुपये होगी। इस प्रकार उसे हर महीने 876 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे।
इसी तरह 56,100 रुपये मूल वेतन वाले कर्मचारी को हर महीने 1,683 रुपये अतिरिक्त DA मिलेगा। वास्तविक वेतन में होने वाला बदलाव अन्य भत्तों और लागू सेवा नियमों पर भी निर्भर कर सकता है।
पेंशनभोगियों की पेंशन में कितना फायदा होगा?
इस फैसले का लाभ केवल नौकरी कर रहे कर्मचारियों तक सीमित नहीं है। केंद्र सरकार के पेंशनभोगियों को भी महंगाई राहत यानी DR में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी का लाभ मिलेगा।
पेंशनभोगियों को मिलने वाली अतिरिक्त राशि उनकी मूल पेंशन के आधार पर तय होगी। उदाहरण के लिए, यदि किसी पेंशनभोगी की मूल पेंशन 25,000 रुपये है, तो 3 प्रतिशत की अतिरिक्त महंगाई राहत के हिसाब से उसे हर महीने 750 रुपये अधिक मिलेंगे।
यदि मूल पेंशन 30,000 रुपये है, तो हर महीने अतिरिक्त महंगाई राहत 900 रुपये होगी। इस प्रकार पेंशनभोगियों की मासिक आय में भी बढ़ोतरी होगी। हालांकि, वास्तविक भुगतान संबंधित पेंशन नियमों और लागू दरों के अनुसार होगा।
जुलाई से मिलेगा एरियर, कितनी बन सकती है बकाया राशि?
नई DA दर 1 जुलाई 2026 से लागू होने के कारण पात्र कर्मचारियों को जुलाई से बढ़ी हुई दर का अंतर मिलना है। घोषणा अक्टूबर में होने के चलते जुलाई, अगस्त, सितंबर और अक्टूबर के बकाया DA का भुगतान एरियर के रूप में किया जा सकता है।
यदि चार महीनों का अंतर उदाहरण के तौर पर लिया जाए, तो 18,000 रुपये मूल वेतन वाले कर्मचारी का अतिरिक्त DA 540 रुपये प्रति माह होगा। चार महीने के हिसाब से यह राशि 2,160 रुपये बनती है।
इसी तरह 25,500 रुपये मूल वेतन वाले कर्मचारी के लिए चार महीने का अनुमानित एरियर 3,060 रुपये और 29,200 रुपये मूल वेतन वाले कर्मचारी के लिए 3,504 रुपये होगा।
35,400 रुपये मूल वेतन वाले कर्मचारी के लिए चार महीने का अनुमानित अंतर 4,248 रुपये बनता है।
ध्यान रखें कि ये केवल गणना के उदाहरण हैं। वास्तविक एरियर की राशि, भुगतान की तारीख और किस वेतन अवधि में इसका भुगतान होगा, यह संबंधित विभाग के वेतन निर्धारण और भुगतान कार्यक्रम पर निर्भर करेगा। इसलिए कर्मचारियों को अपने विभाग या वेतन पर्ची से अंतिम राशि की पुष्टि करनी चाहिए।
DA की गणना कैसे होती है?
महंगाई भत्ते की गणना में औद्योगिक श्रमिकों के लिए अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक यानी AICPI-IW की भूमिका होती है। इस सूचकांक से कीमतों में होने वाले बदलाव का आकलन किया जाता है।
महंगाई बढ़ने पर कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की खरीदने की क्षमता पर असर पड़ता है। इसी प्रभाव को कुछ हद तक कम करने के लिए सरकार DA और DR में समय-समय पर संशोधन करती है।
महंगाई भत्ता कर्मचारियों के मूल वेतन के आधार पर मिलता है, जबकि महंगाई राहत पात्र पेंशनभोगियों की मूल पेंशन के आधार पर निर्धारित होती है। दोनों की दरों में इस बार 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है।
कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए क्या है खास?
DA को 63 प्रतिशत करने का फैसला लाखों परिवारों के लिए अतिरिक्त आर्थिक सहायता लेकर आया है। कर्मचारियों को हर महीने मिलने वाली राशि बढ़ेगी और पेंशनभोगियों को भी बढ़ी हुई महंगाई राहत का लाभ मिलेगा। जुलाई से प्रभावी होने के कारण पात्र लाभार्थियों को पिछली अवधि का बकाया भी मिल सकता है।
हालांकि, यह समझना जरूरी है कि DA में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी का मतलब मूल वेतन या मूल पेंशन में स्थायी 3 प्रतिशत की वृद्धि नहीं है। यह महंगाई भत्ते और महंगाई राहत की दर में बढ़ोतरी है। कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को अपनी वास्तविक अतिरिक्त राशि जानने के लिए मूल वेतन या मूल पेंशन और विभागीय भुगतान विवरण देखना चाहिए

माझं नाव एन. डी. यादव आहे. मला लेखन क्षेत्रात ६ वर्षांचा अनुभव आहे. माझ्या लेखन प्रवासात मी सरकारी धोरणे, कर्मचारी व निवृत्तीवेतनधारकांचे हक्क, पेन्शन योजना तसेच जनकल्याणकारी योजना याबाबतची माहिती तुम्हांपर्यंत सोप्या आणि स्पष्ट भाषेत पोहोचवण्याचे कार्य केले आहे.
माझ्या लेखांचा उद्देश लोकांना अचूक, योग्य आणि विश्वासार्ह माहिती उपलब्ध करून देणे हा आहे. मी नेहमी प्रयत्न करतो की माझ्या लेखनातील भाषा साधी-सोप्या स्वरूपाची असावी, माहिती उपयोगी असावी आणि वाचकांना कोणत्याही विषयाचे आकलन करण्यात अडचण येऊ नये.
